अपठित गद्यांश एवं सारांश लेखन
"गंभीर अपठित गद्यांश का भाव ग्रहण करना, शीर्षक निर्धारित करना और एक-तिहाई शब्दों में सारांश लिखना।"
A Today you'll learn
- अनदेखे गद्यांश को एकाग्रता से पढ़कर उसके मुख्य भाव और केंद्रीय विचार को ग्रहण करना।
- गद्यांश पर आधारित तथ्यात्मक और बोधपरक प्रश्नों के सटीक उत्तर अपनी भाषा में लिखना।
- गद्यांश के लिए उपयुक्त शीर्षक चुनना और मूल गद्यांश का लगभग एक-तिहाई शब्दों में सार (सारांश) लिखना।
B Let's understand
अपठित गद्यांश का अर्थ है ऐसा गद्य-खंड जिसे आपने अपनी पाठ्यपुस्तक में पहले न पढ़ा हो। यह विद्यार्थियों की पठन-क्षमता, भाषा-बोध और अभिव्यक्ति कौशल की परीक्षा लेता है। अपठित गद्यांश को हल करने की सही विधि: 1) गद्यांश को दो बार शांत मन से पढ़ें। 2) कठिन शब्दों के अर्थ संदर्भ से समझें। 3) प्रश्नों को पढ़ें और उनसे जुड़े वाक्यों को गद्यांश में रेखांकित करें। 4) उत्तर अपनी भाषा में सरल, व्याकरण-सम्मत और बिंदुवार लिखें—गद्यांश की पंक्तियों को हूबहू न उतारें। 5) शीर्षक का चुनाव करते समय ध्यान रखें कि वह संक्षिप्त, आकर्षक और पूरे गद्यांश का प्रतिनिधित्व करने वाला हो। 6) सारांश लेखन में केवल मुख्य विचारों को शामिल करते हुए मूल आकार के लगभग एक-तिहाई (1/3) शब्दों में अपनी भाषा में सार लिखें।
C See it step by step
- चरण 1: गद्यांश का केंद्रीय विषय समय और उसकी उपयोगिता है।
- चरण 2: उपयुक्त शीर्षक: "समय का सदुपयोग" अथवा "समय का मूल्य"।
- चरण 3: मुख्य संदेश: समय अनमोल है; जो समय का सम्मान करता है, वही जीवन में सफल होता है।
- चरण 1: उदाहरणों, विस्तृत कहानियों और आँकड़ों को हूबहू न दोहराएँ।
- चरण 2: अपने निजी विचार या अतिरिक्त जानकारी बाहर से न जोड़ें।
- चरण 3: मूल आकार से बहुत बड़ा सारांश न लिखें; वह लगभग एक-तिहाई होना चाहिए।
D Your turn
E Ready to practise?
Key idea 1
अपठित गद्यांश को हल करने से पहले कम से कम दो बार ध्यानपूर्वक पढ़ना चाहिए।
Key idea 2
प्रश्नों के उत्तर गद्यांश के आधार पर अपनी सरल और स्पष्ट भाषा में देने चाहिए।
शीर्षक छोटा
शीर्षक छोटा, आकर्षक और गद्यांश के केंद्रीय विषय से संबंधित होना चाहिए।
Key idea 4
सारांश मूल गद्यांश के मुख्य विचारों का लगभग एक-तिहाई संक्षेप होता है।
Key idea 5
गद्यांश में प्रयुक्त कठिन शब्दों का अर्थ संदर्भ के आधार पर समझना चाहिए।
